आजकल बहुत से लोग कंधे या गर्दन से शुरू होकर सिर तक फैलने वाले सिरदर्द की शिकायत करते हैं। कई लोग इसे सामान्य तनाव, माइग्रेन या कमजोरी समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन अक्सर यह समस्या सर्वाइकल स्पॉन्डिलाइटिस या सर्वाइकल स्ट्रेन का संकेत हो सकती है। गलत बैठने की मुद्रा, लंबे समय तक मोबाइल या कंप्यूटर पर झुककर काम करना, और गर्दन की मांसपेशियों में खिंचाव इस दर्द को बढ़ा देते हैं। ऐसे में समय पर जांच और विशेषज्ञ देखभाल, जैसे टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल, बेहद जरूरी हो जाती है।
सर्वाइकल सिरदर्द क्या होता है?
सर्वाइकल सिरदर्द वह दर्द है जो गर्दन की हड्डियों, डिस्क या मांसपेशियों के तनाव के कारण पैदा होता है। यह दर्द गर्दन से शुरू होकर पीछे के सिर, कंधे और कभी-कभी आंखों के पीछे तक फैल सकता है। यह माइग्रेन की तरह लगता है, लेकिन इसका कारण गर्दन की समस्या होती है।
जब दर्द बार-बार हो और सिर तक फैलने लगे, तो मरीज को सही निदान और उपचार की आवश्यकता होती है, जैसा टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल के विशेषज्ञ देखभाल के दौरान मिलता है।
क्यों होता है कंधे और गर्दन से फैलता सिरदर्द?
1.गलत बॉडी पोस्टचर
लंबे समय तक झुककर मोबाइल चलाना, लेपटॉप पर अधिक समय बिताना या गलत तरीके से सोना गर्दन की मांसपेशियों को कमजोर करता है। इससे सर्वाइकल स्ट्रेन बढ़ता है, जो सिर तक दर्द पहुंचाता है।
2. सर्वाइकल डिस्क में घिसावट
उम्र बढ़ने के साथ गर्दन की डिस्क में घिसावट शुरू हो जाती है। इससे नसों पर दबाव बढ़ता है और दर्द सिर तक फैलने लगता है। इस स्थिति में विशेषज्ञ जांच और उपचार, जैसे टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल, आवश्यक होता है।
3. मांसपेशियों में खिंचाव
लंबे समय तक एक ही स्थिति में बैठे रहने से ट्रैपेज़ियस और नेक मसल्स में खिंचाव आ जाता है। इससे सिरदर्द और चक्कर आने की समस्या बढ़ सकती है।
4. तनाव और नींद की कमी
तनाव मांसपेशियों को टाइट कर देता है और नींद की कमी सर्वाइकल दर्द को और बढ़ाती है, जिससे सिर तक दर्द फैलने लगता है।
सर्वाइकल सिरदर्द के मुख्य लक्षण
- गर्दन से शुरू होकर सिर के पीछे और आगे तक दर्द
- गर्दन हिलाने पर दर्द बढ़ जाना
- कंधों में जकड़न
- चक्कर आना
- आंखों के पीछे भारीपन
- लंबे समय तक बैठे रहने पर दर्द बढ़ना
यदि ये लक्षण बार-बार महसूस हो रहे हैं, तो यह स्पष्ट संकेत है कि आपको सही जांच और इलाज की आवश्यकता है।
सही इलाज क्यों जरूरी है?
सर्वाइकल सिरदर्द को अनदेखा करने से स्थिति गंभीर हो सकती है। यह नसों पर दबाव, लगातार चक्कर, हाथों में झनझनाहट और क्रॉनिक दर्द में बदल सकता है।
विशेषज्ञ की देखरेख में मिल रहा टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल की उपचार सेवाएं मरीज की स्थिति को सही तरीके से समझकर सबसे उपयुक्त समाधान प्रदान करती हैं।
सर्वाइकल सिरदर्द से कैसे बचें?
1. सही पोस्टचर अपनाएं
सीधे बैठें, मोबाइल आंखों की लेवल पर रखें और काम करते समय गर्दन पर अतिरिक्त दबाव न डालें।
2. हर 30 मिनट बाद हल्की स्ट्रेचिंग करें
गर्दन की मांसपेशियों को रिलैक्स रखने के लिए हल्की एक्सरसाइज बेहद फायदेमंद है।
3. पर्याप्त नींद लें
गर्दन और मस्तिष्क की रिकवरी के लिए 7-8 घंटे की नींद जरूरी है।
4. भारी वजन उठाने से बचें
गर्दन की डिस्क को सुरक्षित रखने के लिए गलत तरीके से वजन उठाने से परहेज करें।
यदि दर्द लगातार बना रहे, तो बिना देरी किए विशेषज्ञ उपचार जैसे टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल अवश्य लें।
निष्कर्ष
कंधे या गर्दन से फैलता सिरदर्द सिर्फ सामान्य दर्द नहीं, बल्कि सर्वाइकल समस्या का संकेत हो सकता है। लंबे समय तक इसे अनदेखा करना स्थिति को और बिगाड़ सकता है। समय पर जांच, सही पोस्टचर, व्यायाम और विशेषज्ञ इलाज इस समस्या को पूरी तरह नियंत्रित कर सकते हैं।
सर्वाइकल से जुड़ी सभी समस्याओं के लिए मरीजों को विशेषज्ञ देखभाल और नियमित मॉनिटरिंग जैसे टोहाना में सर्वाइकल ट्रीटमेंट और गणपति अस्पताल का लाभ अवश्य लेना चाहिए।

